तेजस्‍वी को नेता मानने से कांग्रेस का इंकार, बिहार में सभी सीटों पर लड़ेगी उपचुनाव

बिहार में महागठबंधन (Grand Alliance) बिखराव की कगार पर जा पहुंचा है. प्रदेश के पूर्व मुख्‍यमंत्री जीतन राम मांझी की पार्टी हम (HAM) के बाद अब कांग्रेस (Congress) ने भी महागठबंधन से अलग होने के संकेत दे दिए हैं. बिहार कांग्रेस ने बड़ा फैसला लेते हुए उपचुनाव (By Election) में पांच सीटों पर अकेले किस्मत आजमाने का फैसला किया है. पार्टी के प्रदेश चुनाव समिति की बैठक में यह फैसला लिया गया है.

बिहार में विपक्षी महागठबंधन (Grand Alliance) में बिखराव तय माना जा रहा है। देर शाम प्रदेश कांग्रेस चुनाव समिति (Congress Election Committee) की बैठक में फैसला लिया गया कि पार्टी उपचुनाव (By Election) की सभी पांचों सीटों पर अपने उम्‍मीदवार (Candidate) देगी। इसके पहले महागठबंधन के प्रमुख घटक राष्‍ट्रीय जनता दल (RJD) ने चार तो हिंदुस्‍तानी अवाम मोर्चा (HAM) व विकासशील इंसान पार्टी (VIP) ने भी एक-एक सीट पर उम्‍मीदवार देने की घोषणा की है। खास बात यह भी है कि कांग्रेस ने तेजस्‍वी यादव (Tehashwi Yadav) को महागठबंधन का नेता मानने से इनकार किया है।

बुधवार को कांग्रेस चुनाव समिति की बैठक के बाद प्रदेश सचिव वीरेंद्र सिंह राठौड़ (Virendra Singh Rarhod) ने बताया कि पार्टी उपचुनाव की सभी सीटों पर उम्‍मीदवार देगी। इसके लिए नाम तय कर लिए गए हैं। हालांकि, अंतिम फैसला आलाकमान का होगा।

राठौड़ ने कहा कि इस देश में दो विचारधाराएं हैं, जिनमें धर्मनिरपेक्ष (Secular) विचारधारा को हमेशा से कांग्रेस नेतृत्‍व देती रही है। बिहार में महागठबंधन के नेता को लेकर उन्‍होंने कहा कि कांग्रेस ड्राइविंग सीट पर रहेगी, भले ही कुछ दिनों के लिए दूसरे को ड्राइविंग सीट पर बैठाया गया था। राठौड़ ने किसी का नाम ताे नहीं लिया, लेकिन उनके बयान को आरजेडी नेता व विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्‍वी यादव के खिलाफ माना जा रहा है।

वीरेंद्र सिंह राठौड़ ने बताया कि बैठक में गठबंधन (Alliance) पर भी चर्चा हुई। हालांकि, इसमें रहने या नहीं रहने को लेकर अंतिम फैसला आलाकमान को करना है।

बता दें कि इसके पहले आरजेडी व कांग्रेस में तालमेल की बात सामने आई थी। कहा जा रहा था कि समस्‍तीपुर लोकसभा सीट (Samastipur Lok Sabha Seat) और किशनगंज विधानसभा सीट (Kishanganj Assembly Seat) कांग्रेस को दी जाएगी शेष चार विधानसभा सीटों पर आरजेडी के चुनाव लड़ने की चर्चा थी। लेकिन कांग्रेस के फैसले ने तमाम कयासों पर विराम लगा दिया है। उधर, इसके पहले हिंदुस्‍तानी अवाम माेर्चा व विकासशील इंसान पार्टी ने भी राष्‍ट्रीय जनता दल से दूरी बना ली है। दोनों दलों ने आरजेडी के बिना भी महागठबंधन के अस्तित्‍व की बात कही है।

उपचुनाव को लेकर आरजेडी ने तीन सीटों पर अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है। आरजेडी की तरफ से सुप्रीमो लालू प्रगसाद यादव (Lalu Prasad Yadav) की पत्‍नी राबड़ी देवी (Rabri Devi) ने नाथनगर विधानसभा सीट (Nathnagar Assembly Seat) के लिए रजिया खातून टिकट देने की घोषणा की। हालांकि, नाथनगर सीट पर हम के अध्यक्ष जीतनराम मांझी (Jitan Ram Manjhi) ने प्रत्याशी उतारने का दावा करते हुए कहा था कि इस बाबत तेजस्वी यादव से बात हो गई है। राबड़ी देवी ने बेलहर से रामदेव यादव तथा सिमरी बख्तियारपुर से जफर आलम को टिकट देने की घोषणा कर दी तथा कहा कि पार्टी दरौंदा सीट पर भी अपना प्रत्‍याशी देगी।

हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा व आरजेडी के बीच नाथनगर की सीट को लेकर घमासान मचा है तो वीआइपी ने सिमरी बख्तियारपुर सीट पर उम्‍मीदवार देने की घोषणा की है। वीआइपी सुप्रीमो मुकेश सहनी (Mukesh Sahni) ने बताया कि सिमरी-बख्तियारपुर से पार्टी के उम्मीदवार का नामांकन होगा। मुकेश सहनी ने यह भी कहा कि जहां जीतनराम मांझी की पार्टी का उम्मीदवार होगा, वहां वे आरजेडी को समर्थन नहीं देंगे। इसके पहले जीतन राम मांझी ने आरोप लगाया था कि अारजेडी ने महागठबंधन में बिना किसी के सहमति के अपने उम्‍मीदवार घोषित कर दिए। मांझी ने नाथनगर सीट से अजय राय को पार्टी का प्रत्याशी घोषित किया है।

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *